
पुष्कर
पुष्कर में आयोजित 43 दिवसीय शत गायत्री पुनश्चरण महायज्ञ के समापन अवसर पर आध्यात्मिक लेखक और वरिष्ठ पत्रकार विजय कुमार शर्मा को विप्र रत्न सम्मान से अलंकृत किया गया। सेवा, साधना और संस्कारों के प्रति उनके निरंतर योगदान को रेखांकित करते हुए यह सम्मान प्रदान किया गया, जिससे आयोजन का वातावरण विशेष रूप से प्रेरणादायक बना।
यज्ञ सम्राट प्रखर जी महाराज ने विजय कुमार शर्मा को सम्मानित करते हुए उनके साहित्यिक और आध्यात्मिक योगदान की सराहना की। उनके द्वारा रचित परशुरामचरितम ग्रंथ को समाज में जागरूकता और सांस्कृतिक मूल्यों के प्रसार का महत्वपूर्ण माध्यम बताया गया। इसके साथ ही महायज्ञ में निरंतर सेवाएं प्रदान करने वाले नवीन शर्मा बिजयनगर को भी स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया तथा अन्य कार्यकर्ताओं को प्रशस्ति पत्र प्रदान किए गए।
प्रखर जी महाराज ने सेवा और साधना के महत्व पर प्रकाश डालते हुए सभी कार्यकर्ताओं की सराहना की। अजय शर्मा ने बताया कि इस महायज्ञ से समाज में आध्यात्मिक चेतना का विस्तार हुआ है और सेवा कार्यों में सक्रिय लोगों का सम्मान प्रेरणादायक है।
कार्यक्रम में डॉ कृष्णानंद जी महाराज, देवेंद्र त्रिपाठी, इंजीनियर अशोक शर्मा, तपस्वी गायत्री शर्मा, बृजेश गौड़, डॉ रश्मि शर्मा, सरला शर्मा, अरुणा भास्कर, अमोघ शर्मा, पंडित कैलाश नारायण दाधीच, अरुण पाराशर, इंद्र सिंह पंवार, लेखराज सिंह, किशन गुर्जर, सत्यनारायण भंसाली, शैलेन्द्र अग्रवाल, आनंद गोयल, अशोक पंसारी सहित अनेक गणमान्यजन उपस्थित रहे।
